आस्था हॉस्पिटल में डा क्रांति व उनकी टीम ने अपनी सूझ बूझ से बचाई मरीज की जान , पेट से निकली 5 किलो रसौली। 26 दिसंबर 2024 को एक महिला मरीज को आस्था अस्पताल पक्का भरो हमीरपुर में भर्ती किया गया, जहां उनका निदान फाइब्रॉयड यूटेरस (Fibroid Uterus), फैटी लिवर (Fatty Liver), और दाएं किडनी में पथरी (Right Kidney Stone) के रूप में हुआ। इसके अलावा, मरीज को टाइप 2 डायबिटीज (Type 2 Diabetes Mellitus) और थायरॉयड (Thyroid) की समस्या भी थी। मरीज की स्थिति को देखते हुए डाक्टर क्रांति ने मरीज को तत्काल सर्जरी की सलाह दी। जिसमें महिला के गर्भाशय से पांच किलो रसौली निकाली गयी । आपको बता दें कि मरीज महिला अब खतरे से बाहर है इस मौके पर जानकारी देते हुए डा क्रांति ने बताया कि मरीज की हालत काफी नाजुक थी और आस्था हॉस्पिटल की टीम के सहयोग से यह ऑपरेशन सफल हो पाया है उन्होंने कहा कि महिलाओं को सजग रहने की जरूरत है क्योंकि यह बीमारी आम तौर पर लापरवाही का नतीजा होता है क्योंकिअगर समय पर ही इस समस्या का चेकअप करवा लिया जाए तो यह समस्या इतनी बड़ी नहीं होती, डॉक्टर क्रांति ने महिलाओं से आग्रह किया है कि समय-समय पर अपने स्वास्थ्य की जांच करवाती रहे ताकि आने वाले समय में ऐसी समस्या से ना झूझना पड़े।
आस्था हॉस्पिटल एवं टेस्ट ट्यूब बेबी
सेंटर का सफलता क्रम निरंतर जारी हैl पिछले हफ्ते आस्था हॉस्पिटल में दूरबीन द्वारा एक महिला कि दोनों ओवरी से 4 cysts निकाली गई l उसकी लेफ्ट ओवरी में एक डर्माइड सिस्ट और राइट ओवरी में दो डर्माइड सिस्ट और एक सिंपल सिस्ट थी l वह शिमला में प्राइवेट हॉस्पिटल में अपना चेकअप करा रही थी l साधारण विधि द्वारा चीरे वाला ऑपरेशन नहीं चाहती थीl इसलिए वह हमीरपुर आईl यह ऑपरेशन 4 घंटे चला और दूरबीन द्वारा ही इसे निकालने में सफलता मिल गई और महिला की दोनों ओवरीज को भी बचा लियाl किसी ने सच ही कहा है कि कोशिश करने वालों की हार नहीं होती l आस्था हॉस्पिटल में दूरबीन विधि द्वारा सभी प्रकार के ऑपरेशन किए जाते हैंl
आस्था हॉस्पिटल और आईवीएफ सेंटर का सफलता का क्रम निरंतर जारी है। आस्था हॉस्पिटल आईवीएफ फील्ड में सफलता की ऊंचाइयों को छू रहा है!
दूरबीन द्वारा बच्चेदानी के रसोली का सफल ऑपरेशन किया गया और आज इनको हॉस्पिटल से छुट्टी कर दी l आस्था हॉस्पिटल ऐसी बीमारियों के लिए वरदान सिद्ध हो रहा है और उन्हें इलाज करवाने के लिए हिमाचल से बाहेर जाने की जरूरत नहीं हैl
Only Centre in Hamirpur doing laparoscopic and hysteroscopic surgeries for removing uterus and fibroids.
आस्था हॉस्पिटल और आईवीएफ सेंटर का सफलता का क्रम निरंतर जारी है। आस्था हॉस्पिटल आईवीएफ फील्ड में सफलता की ऊंचाइयों को छू रहा है! हमारा आईवीएफ का सफलता दर दूसरे सेंटर्स के मुकाबले जो पंजाब में हैं उनसे 15% ज्यादा है
इस महीने में हमारे सेंटर में चार निसंतान दंपतियों को संतान सुख प्राप्त हुआl इनमें 3 बच्चे सिजेरियन द्वारा पैदा हुए और एक महिला की डिलीवरी की नॉर्मल हुईl आस्था हॉस्पिटल निसंतान दंपतियों के लिए वरदान सिद्ध हो रहा है और उन्हें इलाज करवाने के लिए हिमाचल से बाहेर जाने की जरूरत नहीं हैl निसंतानता का पूर्ण इलाज हमीरपुर में ही किया जाएगा आपको पंजाब जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी
Aastha hospital and IVF Center’s success is continuing. Aastha hospital is touching the heights of success in IVF Field! The success rate of our IVF is 15 % more than those who are in Himachal.
After 10 years of marriage, this couple got a child happiness. These people were trying to get children for the last 10 years but they got pregnant in the first attempt at the faith test tube baby center. Women have a healthy. I have given birth to the boy, I have discharged him from the hospital today. Faith hospital is proving to be a boon for the nisantāna couple and he does not need to go to Bihar to treat him. The complete treatment of nisantānatā will be done in hamirpur only in hamirpur. No need to go